लखनऊ। हनुमान जन्मोत्सव जैसे पावन अवसर पर भी राजधानी की सफाई व्यवस्था की पोल खुलती नजर आई। कपूरथला चौराहे स्थित नए हनुमान मंदिर के बाहर गंदगी का अंबार लगा रहा, जबकि नगर निगम और संबंधित एजेंसियां पूरी तरह से निष्क्रिय दिखीं।
🔴 जोन-3 पर सीधा सवाल: सफाई व्यवस्था क्यों फेल? नगर निगम के जोन-3 क्षेत्र में स्थित इस प्रमुख धार्मिक स्थल के बाहर गंदगी का जमा होना साफ तौर पर स्थानीय प्रशासन की लापरवाही को दर्शाता है। सवाल उठता है कि त्योहार के दिन भी सफाई की कोई विशेष व्यवस्था क्यों नहीं की गई?
🔴 LSA के जिम्मे मुख्य सड़क, फिर भी हालत बदतर मुख्य मार्ग की सफाई की जिम्मेदारी लखनऊ स्वच्छता अभियान प्राइवेट लिमिटेड (LSA) के पास है। इसके बावजूद सड़क और मंदिर परिसर के आसपास कूड़े का ढेर साफ तौर पर एजेंसी की कार्यशैली पर सवाल खड़े करता है।
🔴 भक्ति मंच पर, जमीनी हकीकत अलग एक ओर विधायक नीरज बोरा कृष्ण भक्ति के गीत गाते नजर आ रहे है, वहीं जोनल अधिकारी मनोज यादव भी धार्मिक गीतों को गाने में व्यस्त रहे हैं । लेकिन उसी समय हनुमान मंदिर परिसर के बाहर फैली गंदगी ने इन दावों की हकीकत उजागर कर दी।
🔴 महापौर के दावे बनाम जमीनी सच्चाई महापौर द्वारा स्वयं को राम भक्त बताने के दावों के बीच हनुमान जन्मोत्सव पर मंदिरों के आसपास सफाई और चूना तक न डलना प्रशासनिक संवेदनहीनता को दर्शाता है।
🔴 क्या पूरे शहर में यही हाल? बड़ा सवाल स्थिति को देखकर यह भी प्रतीत होता है कि केवल कपूरथला ही नहीं, बल्कि शहर के अन्य हनुमान मंदिरों पर भी सफाई व्यवस्था की अनदेखी की गई।
🔴 बैठक में व्यस्त अफसर, मैदान में नदारद जानकारी के अनुसार अपर नगर आयुक्त ललित कुमार गुरुवार दोपहर में जोन कार्यालय में सफाई व्यवस्था की बैठक में व्यस्त रहे, लेकिन किसी भी मंदिर स्थल पर जाकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने की जरूरत नहीं समझी।
🔴 नगर आयुक्त से बड़ी कार्रवाई की मांग अब सबसे बड़ा सवाल नगर आयुक्त गौरव कुमार पर खड़ा होता है—क्या इस लापरवाही पर जिम्मेदार अधिकारियों और एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी, या फिर यह मामला भी अन्य मामलों की तरह ठंडे बस्ते में चला जाएगा?
मनीष मिश्रा राज्य संवाददाता, सूचना इंडिया न्यूज़ चैनल
मनीष मिश्रा पिछले 7 वर्षों से सूचना इंडिया न्यूज़ चैनल के साथ राज्य संवाददाता के रूप में कार्यरत हैं, और लखनऊ नगर निगम से संबंधित खबरों को गंभीरता के साथ जनता के समक्ष लाने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने लखनऊ शहर के नागरिकों के सड़क, पानी, स्ट्रीट लाइट, सीवर और सफाई जैसी महत्वपूर्ण समस्याओं को नगर निगम के अधिकारियों के समक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया है। उनकी रिपोर्टिंग की बदौलत नगर निगम के संबंधित अधिकारियों ने इन मुद्दों को गंभीरता से लिया और निस्तारण के लिए सक्रिय कदम भी उठाए। मनीष का उद्देश्य हमेशा से जनहित के मुद्दों को उजागर करना और प्रशासन को जिम्मेदार बनाना रहा है, जिसके लिए वह पत्रकारिता में अपनी विशेष पहचान बनाए हुए हैं।