शिशु मंदिर स्कूल में हुआ कावड़ यात्रा का आयोजन

बच्चों ने कांवड़ियां बनकर जाना कावड़ का महत्व
ऋषिकेश

आवास विकास स्थित स्वामी नित्यानंद सरस्वती शिशु मंदिर स्कूल में बच्चों को किताबी शिक्षा के साथ सनातन धर्म के त्योहारों के बारे में भी शिक्षा दी जा रही है। समय-समय पर आने वाले सभी त्योहारों को स्कूल में धूमधाम से मनाया जा रहा है। जिससे बच्चे अपने त्योहरों और संस्कृति के महत्व को भी समझ सके।
इसी कड़ी में आज स्कूल में सावन महीने के दौरान चलने वाली कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। छोटे-छोटे बच्चों ने कांवड़ियां बनकर कावड़ को अपने कंधों पर उठाया। सभी बच्चे भगवान भोलेनाथ की भक्ति में रमे हुए नजर आए। मौके पर स्कूल की प्रधानाचार्य पूनम अनेजा ने बच्चों को सावन और कावड़ यात्रा की विस्तृत जानकारी देकर जागरूक किया। प्रधानाचार्य ने बताया कि बच्चे कच्ची मिट्टी के बने होते हैं। ऐसा कहा जाता है उनको जिस सांचे में ढालो उस साचे में ढल जाते हैं। इसलिए छोटे-छोटे क्लास में पढ़ने वाले बच्चों को किताबी शिक्षा के साथ
अपने धर्म और संस्कृति के बारे में भी समय-समय पर जानकारी दी जाती है। जिससे आने वाली पीढ़ी अपने धर्म और संस्कृति का संवर्धन आराम से कर सकें। कावड़ यात्रा का आयोजन किए जाने से बच्चों में काफी उत्साह देखने को मिला है। मौके पर स्कूल की सभी शिक्षिकाएं मौजूद रही।




